
गाजियाबाद/देहरादून, प्रेस 15 न्यूज। गाजियाबाद में छोटी उम्र की तीन बहनों के आत्मघाती कदम ने पूरे देश के मां- बाप को सोचने पर विवश कर दिया है। आखिर जिन बच्चों के पैदा होने से लेकर परवरिश तक मां बाप अपने रात दिन की नींद एक कर देते हैं, वो सिर्फ और सिर्फ मोबाइल की लत की वजह से दुनिया छोड़ रहे हैं।
आज अत्यधिक स्क्रीन टाइम, वास्तविक जीवन की जगह ले रहा है। बच्चों-किशोरों सहित परिवार के किसी भी सदस्य में सामाजिक अलगाव, नींद में गड़बड़ी, चिड़चिड़ापन, चिंता, अवसाद, गलत धारणाएं पनप रही हैं।
सॉरी पापा, आई एम रियली सॉरी। यह शब्द गाजियाबाद की उन तीन मासूम बेटियों के सुसाइड नोट के हैं, जिन्होंने ऑनलाइन गेम की लत के चलते नौवीं मंजिल की अपनी बालकनी से कूदकर जान दे दी। तीन नाबालिग बहनों निशिका (16), प्राची (14) और पाखी (12) की आत्मघाती कदम ने देश के हर मां बाप को झकझोर दिया है।
पुलिस के मुताबिक, मोबाइल फोन की लत और कोरियाई लवर गेम से प्रभावित तीनों बहनें फोन छीन लिए जाने से आहत थीं। दिल दहला देने वाली यह घटना साहिबाबाद के टीलामोड़ की भारत सिटी सोसायटी में मंगलवार देर रात करीब दो बजे हुई। पुलिस को किशोरियों के कमरे से पॉकेट डायरी मिली है, जिसमें आठ पेज का सुसाइड नोट लिखा गया है।
चेतन ने बताया, तीन दिन पहले उन्होंने बेटियां से फोन छीन लिए थे। इस बात से तीनों बेहद परेशान थीं और छिपकर माता-पिता का फोन इस्तेमाल करती थीं। पुलिस के मुताबिक, किशोरियां टास्क आधारित कोरियाई लव गेम के फेर में फंस गई थीं। वह पिछले दो साल से स्कूल भी नहीं जा रही थीं।
चेतन ने बताया, तीन दिन पहले उन्होंने बेटियां से फोन छीन लिए थे। इस बात से तीनों बेहद परेशान थीं और छिपकर माता-पिता का फोन इस्तेमाल करती थीं। पुलिस के मुताबिक, किशोरियां टास्क आधारित कोरियाई लव गेम के फेर में फंस गई थीं। वह पिछले दो साल से स्कूल भी नहीं जा रही थीं।
चेतन कुमार ऑनलाइन शेयर ट्रेडिंग करते हैं। वह पिछले तीन साल से भारत सोसायटी में किराये के फ्लैट में दो पत्नियों सुजाता व हिना और पांच बच्चों के साथ रह रहे हैं। आत्महत्या करने वाली किशोरियों में से निशिका, चेतन की पहली पत्नी सुजाता और प्राची व पाखी दूसरी पत्नी हिना की बेटियां थीं।
चेतन की पहली पत्नी सुजाता से कई वर्ष तक कोई संतान नहीं हुई, तो उन्होंने सुजाता की बहन यानी अपनी साली हिना से शादी कर ली। इसके कुछ ही महीने बाद सुजाता से निशिका का जन्म हुआ। दूसरी पत्नी हिना से प्राची, पाखी व एक और बेटी का जन्म हुआ। बाद में पहली पत्नी से बेटा लविश (7) पैदा हुआ, जो मानसिक रूप से कमजोर है और बोल भी नहीं सकता।
किशोरियों ने 8 पन्ने का सुसाइड नोट छोड़ा है, जिसमें रोती हुई सूरत वाली इमोजी बनी है। नोट में लिखा है-सॉरी पापा, आई एम रियली सॉरी। कोरियाई संस्कृति से प्रेम व आकर्षण होने की बात भी लिखी है। पिता से माफी मांगते हुए लिखा कि आप भारतीय हैं और हम कोरियाई। हम किसी भारतीय से शादी कैसे कर सकते हैं।
पिता से पूछताछ में सामने आया कि दो दिन पहले उन्होंने बेटियों को डांटते हुए जल्द शादी करवाने की चेतावनी दी थी। जिस कमरे की खिड़की से तीनों बहनों ने छलांग लगाई, उसकी दीवारों पर आई एम वेरी वेरी अलोन, मेक मी ए हॉर्ट ऑफ ब्रोकन जैसे स्लोगन लिखे हैं। कमरे के फर्श पर तीनों बहनों की बचपन की फोटो अलग कलाकृति में रखी हुई थी। बीच में उनकी मां का मोबाइल फोन भी रखा था।
कुल मिलाकर इस दर्दनाक हादसे ने देश भर के माता पिता को अलर्ट मोड पर ला दिया है। आपके बच्चे पूरे दिन क्या कुछ कर रहे हैं, अब इसे देखने और समझने की जिम्मेदारी बढ़ गई है।





