
नैनीताल, प्रेस 15 न्यूज। नोएडा से पर्यटकों को नैनीताल लेकर आए एक टैक्सी चालक की ठंड से बचने की कोशिश जानलेवा साबित हो गई। और उसकी जिंदगी एक झटके में खामोश हो गई। वाहन के भीतर कोयले की अंगीठी जलाने से दम घुटने के कारण चालक की मौत हो गई।
जानकारी के अनुसार टैक्सी चालक ने नैनीताल के सुखाताल क्षेत्र में अपनी गाड़ी पार्क की थी। कड़ाके की ठंड से बचने के लिए उसने कार के अंदर कोयले की अंगीठी जलाई और कंबल ओढ़कर सो गया। सुबह करीब साढ़े आठ बजे तक जब चालक नहीं जागा तो पार्किंग कर्मियों को अनहोनी की आशंका हुई और उन्होंने पुलिस को सूचना दी।
सूचना मिलते ही कोतवाल हेम चंद्र पंत पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। काफी देर तक वाहन को हिलाने और चालक को जगाने की कोशिश की गई, लेकिन अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली। इसके बाद शीशा तोड़कर चालक को बाहर निकाला गया और तत्काल बीडी पांडे अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
मृतक की पहचान सिरोहा यमुनापार, मथुरा (उत्तर प्रदेश) निवासी मनीष गंधार के रूप में हुई है। पुलिस ने परिजनों को सूचना देकर पंचनामा की कार्रवाई पूरी कर ली है।
अंगीठी का धुआं बन सकता है मौत का कारण
विशेषज्ञों के अनुसार बंद कमरे या बंद वाहन में कोयले की अंगीठी जलाना बेहद खतरनाक होता है। अंगीठी से निकलने वाली कार्बन मोनोऑक्साइड गैस रंगहीन और गंधहीन होती है, जिससे व्यक्ति को पता भी नहीं चलता और धीरे-धीरे दम घुटने लगता है। नींद की अवस्था में यह गैस और भी घातक साबित होती है, जिससे कुछ ही समय में जान जा सकती है।
पुलिस व प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि सर्दी से बचाव के लिए कभी भी बंद जगह या वाहन के भीतर अंगीठी, कोयला या इस तरह के साधनों का प्रयोग न करें।
(नैनीताल से वरिष्ठ पत्रकार कमल जगाती की एक्सक्लूसिव रिपोर्ट ✍️)









