
देहरादून, प्रेस 15 न्यूज। उत्तराखंड में अगले चार दिनों तक मौसम का मिजाज बेहद खतरनाक रहने वाला है। भारत मौसम विज्ञान विभाग, देहरादून की चेतावनी के बाद राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र (एसईओसी) ने सभी जिलाधिकारियों को अलर्ट जारी करते हुए राहत एवं बचाव तंत्र को पूरी तरह तैयार रखने के निर्देश दिए हैं।
मौसम विभाग ने 18 से 22 जुलाई तक प्रदेश के कई हिस्सों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश, आकाशीय बिजली और तेज वर्षा की संभावना जताई है।
19 जुलाई को सबसे ज्यादा खतरा नैनीताल, चम्पावत और ऊधमसिंह नगर जिलों में रहेगा, जहां रेड अलर्ट जारी किया गया है। इन क्षेत्रों में कुछ स्थानों पर अत्यंत भारी वर्षा होने की संभावना है। वहीं देहरादून, टिहरी, पौड़ी, हरिद्वार और बागेश्वर में ऑरेंज अलर्ट, जबकि उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, अल्मोड़ा और पिथौरागढ़ में येलो अलर्ट घोषित किया गया है।
20 जुलाई को देहरादून, हरिद्वार और टिहरी जिलों के कुछ क्षेत्रों में भी रेड अलर्ट रहेगा। इसके अलावा देहरादून, हरिद्वार, नैनीताल, टिहरी, उत्तरकाशी और पौड़ी में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
21 जुलाई को देहरादून और बागेश्वर में ऑरेंज अलर्ट रहेगा, जबकि टिहरी, रुद्रप्रयाग, उत्तरकाशी, नैनीताल, चमोली और पिथौरागढ़ में येलो अलर्ट प्रभावी रहेगा। 22 जुलाई को उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ में भारी बारिश की संभावना के चलते येलो अलर्ट जारी किया गया है।
आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास विभाग के सचिव विनोद कुमार सुमन ने सभी जिलाधिकारियों को संवेदनशील क्षेत्रों की लगातार निगरानी, जिला आपदा परिचालन केंद्रों को 24×7 सक्रिय रखने, राहत एवं बचाव दलों को तैयार रखने तथा भूस्खलन संभावित मार्गों पर मशीनरी और संसाधन पहले से तैनात रखने के निर्देश दिए हैं।
लोगों के लिए जरूरी सलाह
मौसम विभाग की चेतावनियों को गंभीरता से लें।
भारी बारिश के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचें।
यात्रा से पहले मौसम और सड़क की स्थिति की जानकारी अवश्य लें।
नदी, नालों, गदेरों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहें।
भूस्खलन संभावित इलाकों में विशेष सतर्कता बरतें।
किसी भी आपात स्थिति में 112, 1070 और 1077 पर तुरंत संपर्क करें।
प्रशासन ने साफ कहा है कि थोड़ी सी लापरवाही भी भारी पड़ सकती है। ऐसे में अगले कुछ दिनों तक सतर्क रहें और सुरक्षित रहें।









