
नैनीताल, प्रेस 15 न्यूज। उत्तराखण्ड में वित्तीय जागरूकता, लोक संस्कृति संरक्षण और स्वरोजगार को नई दिशा देने की पहल तेज हो गई है।
राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेनि) ने मंगलवार को लोक भवन में उत्तराखण्ड मुक्त विश्वविद्यालय द्वारा विकसित ‘फिन बोध’ और ‘उत्तरावाणी’ ऐप के साथ असिस्टेंट होमस्टे मैनेजर पाठ्य सामग्री का लोकार्पण किया। राज्यपाल ने इन पहलों को युवाओं, पर्यटन और स्थानीय संस्कृति को सशक्त बनाने वाला अभिनव कदम बताया।
मंगलवार को लोक भवन में आयोजित कार्यक्रम में राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेनि) ने उत्तराखण्ड मुक्त विश्वविद्यालय द्वारा विकसित ‘फिन बोध’ एवं ‘उत्तरावाणी’ ऐप तथा असिस्टेंट होमस्टे मैनेजर पाठ्य सामग्री का औपचारिक लोकार्पण किया।
इस अवसर पर राज्यपाल ने कहा कि ‘फिन बोध’ ऐप आमजन, विशेषकर युवाओं में वित्तीय साक्षरता बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण और व्यवहारिक पहल है।
उन्होंने कहा कि आज के दौर में युवाओं के लिए निवेश, बैंकिंग, डिजिटल भुगतान, संपत्ति प्रबंधन और वित्तीय सुरक्षा की समझ बेहद जरूरी हो गई है। ऐप आधारित यह माध्यम युवाओं को सरल तरीके से वित्तीय जानकारी उपलब्ध कराएगा।
उन्होंने बताया कि ‘फिन बोध’ ऐप में व्यक्तिगत वित्त, बचत, कर नियोजन, डिजिटल भुगतान, साइबर सुरक्षा और विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी दी गई है। साथ ही इसमें फाइनेंशियल कैलकुलेटर जैसी उपयोगी सुविधाएं भी शामिल की गई हैं।
राज्यपाल ने ‘उत्तरावाणी’ ऐप को उत्तराखण्ड की लोक संस्कृति, लोकभाषाओं और परंपराओं के संरक्षण की दिशा में अहम कदम बताया।
उन्होंने कहा कि यह मल्टी-कम्युनिटी रेडियो प्लेटफॉर्म कुमाऊँनी, गढ़वाली, जौनसारी सहित विभिन्न लोकभाषाओं और लोकगीतों को व्यापक मंच प्रदान करेगा। इसके माध्यम से दूरस्थ क्षेत्रों के लोग भी अपनी सांस्कृतिक विरासत और स्थानीय ज्ञान को वैश्विक स्तर तक पहुंचा सकेंगे।
उन्होंने कहा कि ‘उत्तरावाणी’ ऐप लाइव रेडियो स्ट्रीमिंग और पॉडकास्ट की सुविधा के साथ स्थानीय समुदायों को जोड़ने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। यह ऐप एंड्रॉयड और आईओएस दोनों प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध रहेगा।
कार्यक्रम में राज्यपाल ने असिस्टेंट होमस्टे मैनेजर पाठ्य सामग्री को उत्तराखण्ड के युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार से जोड़ने वाली उपयोगी पहल बताया।
उन्होंने कहा कि राज्य में तेजी से बढ़ रहे होमस्टे पर्यटन को प्रशिक्षित युवाओं की आवश्यकता है और यह पाठ्य सामग्री युवाओं को होमस्टे प्रबंधन, अतिथि सत्कार, हाउसकीपिंग, ऑनलाइन बुकिंग, सोशल मीडिया प्रचार और ग्राहक संतुष्टि जैसे विषयों में व्यवहारिक प्रशिक्षण प्रदान करेगी।
राज्यपाल ने कहा कि इन पहलों से उत्तराखण्ड के आर्थिक विकास, पर्यटन संवर्धन, सांस्कृतिक संरक्षण और रोजगार सृजन को नई मजबूती मिलेगी। उन्होंने विश्वविद्यालय परिवार को इस अभिनव प्रयास के लिए बधाई दी।
इस अवसर पर सचिव राज्यपाल रविनाथ रामन, विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. नवीन चंद्र लोहनी, कुलसचिव खेम राज भट्ट सहित विश्वविद्यालय के निदेशक और अध्यापकगण उपस्थित रहे।









