
चंपावत, प्रेस 15 न्यूज। आपदा में राहत कार्य हों, मेलों में शांति व्यवस्था या जंगलों की आग बुझाने का जिम्मा प्रांतीय रक्षक दल (पीआरडी) के जवान विभिन्न मोर्चों पर सेवाएँ देते आ रहे हैं। अब अपनी सेवा के अनुरूप मानदेय और रोजगार की सुनिश्चितता की मांग को लेकर जवान आंदोलनरत हैं।
पीआरडी संगठन के प्रांतीय अध्यक्ष संजय पवार के नेतृत्व में देहरादून में चल रहे धरना-प्रदर्शन को चंपावत के जवानों ने भी समर्थन दिया है। संगठन की प्रमुख मांगों में वर्षभर रोजगार, समान कार्य के लिए समान वेतन और होमगार्ड की तरह मूल वेतन में महंगाई भत्ता देना शामिल है।
चंपावत जिलाध्यक्ष भैरब जोशी ने कहा कि जिले में जवानों को पूरे वर्ष रोजगार मिल रहा है, लेकिन समान कार्य के लिए समान वेतन की मांग अब भी अधूरी है। उन्होंने कहा कि स्थानीय जवान देहरादून में आंदोलन कर रहे साथियों के साथ खड़े हैं।
जोशी के अनुसार, पीआरडी जवान पुलिसकर्मियों के समान कई जिम्मेदारियाँ निभाते हैं, लेकिन भुगतान में बड़ा अंतर है। उन्होंने बताया कि पुलिसकर्मी को लगभग 45 से 50 हजार रुपये मासिक मिलते हैं, जबकि पीआरडी जवान का भुगतान दैनिक मानदेय और ड्यूटी मिलने पर निर्भर है।
सामाजिक कार्यकर्ता प्रकाश चंद्र उपाध्याय ने जवानों की मांग का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि निष्ठापूर्वक काम करने वाले कर्मचारियों का मनोबल बनाए रखना सरकार की जिम्मेदारी है। उनकी सेवाओं को देखते हुए मांगों पर निर्णय लेने में और देरी नहीं होनी चाहिए।
(लोहाघाट से वरिष्ठ पत्रकार गणेश दत्त पांडेय की एक्सक्लूसिव रिपोर्ट ✍️)











