

हल्द्वानी, प्रेस 15 न्यूज। उत्तराखंड के विभिन्न मुद्दों को बेबाकी से उठाने वाले कोटाबाग निवासी यूट्यूबर बिरजू मयाल के साथ काशीपुर क्षेत्र में अनहोनी हो गई। कुछ अराजकों ने बिरजू की बेरहमी से पिटाई कर दी। जाहिर तौर पर गुंडई करने वाले बिरजू के पोलखोल अंदाज से परेशान थे।
हालाकि बिरजू के साथ इस अनहोनी की वजह सड़क हादसे को बताने की खबरें भी वायरल हो रही हैं। हालाकि ऐसी खबरें वही लोग प्रसारित और प्रचारित कर रहे हैं जो बिरजू मयाल से खुन्नस खाए बैठे हैं।
क्योंकि अस्पताल के बेड में लेटकर पुलिस को दर्ज कराए बयान में बिरजू ने साफ कहा कि जब वो काशीपुर में था तब दो कारें उसके बगल में आकर रुकीं जिनमें कई युवक सवार थे। और इस बीच अचानक एक कार से उतरे लोगों ने उस पर जानलेवा हमला कर दिया।
गंभीर रूप से घायल बिरजू को
काशीपुर के एलडी भट्ट अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां से उसे हल्द्वानी के सुशीला तिवारी अस्पताल में रेफर किया गया है।
इधर, संवैधानिक व्यवस्था में बिरजू मयाल पर हुए जानलेवा हमले से हर कोई स्तब्ध है। जिस बेबाकी से बिरजू बीते समय से उत्तराखंड के जल, जंगल और जमीन के साथ सरकारी और राजनीतिक सिस्टम में व्याप्त भ्रष्ट्राचार की पोल खोल रहे थे, ऐसे में हर कोई आशंकित था कि उनके साथ कभी भी अनहोनी हो सकती है। खुद बिरजू भी इस खतरे को स्वीकार चुके थे।
हर कोई यही कह रहा है कि लोकतंत्र में विरोध का ये तरीका समाज के लिए बेहद घातक है। बिरजू के भ्रष्ट्राचार मुक्त उत्तराखंड बनाने के अभियान में उसके प्रशंसक तो यह भी कह रहे हैं कि बिरजू ने भ्रष्ट्राचारियों से पंगा लिया है ऐसे में उसे अपनी सुरक्षा के इंतजाम भी करने चाहिए।
शराब माफिया से लेकर खनन माफिया और राजनीति से लेकर सरकारी सिस्टम में बैठे हर निकम्मे और भ्रष्ट अधिकारी कर्मचारी के खिलाफ हल्लाबोल और नाक में दम करने वाले बिरजू मयाल की सलामती की प्रार्थना बड़ी संख्या में लोग कर रहे हैं।
लोग यह भी कह रहे हैं कि भ्रष्ट सिस्टम के खिलाफ बिरजू के विरोध के अंदाज/शैली पर सवाल उठाए जा सकते हैं लेकिन खिसियाए लोगों का बिरजू से निपटने का ये तरीका बेहद कायराना है। पुलिस प्रशासन पर उत्तराखंड के समाज में छुपे हिंसक लोगों पर कार्रवाई की दरकार है।


